मन का हिलोर
आम शब्दों में, आम इंसान की, कुछ आम सी भावनाएं ।
Search My Blog
Monday, February 27, 2012
चले जा रहे थे, कांधे अपने, अपना ही जनाज़ा लिए..
रुखसती पर मेरी देखो, लोग कह रहे सफ़र अच्छा है.....रामेश्वरी.............
No comments:
Post a Comment
Newer Post
Older Post
Home
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment