>>>>>>तन्हाई का संगीत >>>>
तन्हाई कुछ चाहती है कहना..
कुछ गुनगुनाने तो दो उसको..
कौन कहता है, अफ़सोस है तन्हाई...
ऊँची पहाड़ियों में, बस जाने दो उसको ...
शोर है दुनिया में बहुत अब..
कुछ घडी जाओ, सुनो संगीत तन्हाई का..
खुद में रच बस जाने दो उसको...
जब संग छोड़ा हो अपनों ने..
देती साथ वही, संग रह तेरे...
जिगरी यार बना लो उसको...
शोर कम करो, कुछ कम करो...
महसूस उसकी जुबां करो..
ना दूरी करो उससे तुम...
थोडा करीब आने दो उसको.......
कुछ गुनगुनाने तो दो उसको...............