इसी कशमकश में ज़िन्दगी कट गयी ..
ताउम्र कशमकश होती है क्यूँ...
जो ना हो कशमकश ज़िन्दगी में यूँ..
तो भी ज़िन्दगी खुद कशमकश होती है क्यूँ ?...रामेश्वरी
ताउम्र कशमकश होती है क्यूँ...
जो ना हो कशमकश ज़िन्दगी में यूँ..
तो भी ज़िन्दगी खुद कशमकश होती है क्यूँ ?...रामेश्वरी
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