चटक धूप में कैसे वो, खुद पर आवरण ओड़ लेता है ।
दिन के तीसरे पहर, वो कैसे बचपन निचोड़ लेता है ॥ रामेश्वरी .......
बच्चे देश का भविष्य हैं यदि उनके साथ अपहरण, बलात्कार जैसी घटनाएं होंगी तो सोचिये देश का भविष्य क्या होगा ?
दिन के तीसरे पहर, वो कैसे बचपन निचोड़ लेता है ॥ रामेश्वरी .......
बच्चे देश का भविष्य हैं यदि उनके साथ अपहरण, बलात्कार जैसी घटनाएं होंगी तो सोचिये देश का भविष्य क्या होगा ?
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